अच्छे काम के लिए इनाम तो लापरवाही,नाकामी के लिए सजा क्यों नही?
थाना परिसर में फुलवारी देख इनाम दिया गया था, पुलिस की लापरवाही ,नाकामी से 10 गौ माता के वध हुए ,गौ माता के अंग अस्तव्यत थाने के पास फेके गए , फिर भी अभी तक अरी थानेदार पर कार्यवाही क्यों नही की गई?
बताया जाता है सिवनी पुलिस कप्तान काफी सख्त मिजाज है वे लापरवाही बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं करते हैं और न्याय संगत कार्यवाही करते हैं परंतु एक बात समझ नहीं आई हिंदुओं की आस्था की प्रतीक 10 गौ हत्या कर उनके सर और पैर को थाने के चारों दिशाओं में फेंक दिए गए और अभी तक पुलिस के हाथ में कोई अपराधी नहीं है,जबकि किसी मामले के अपराधी को पुलिस दिल्ली और मुंबई से पकड़ कर ले आती है तो कैसे मान लिया जाए की अरी के आसपास के ढाबों में गौ मांस पक रहा है और पुलिस को खबर नहीं है,थाने के चारों ओर गाय काट कर फेंक दी गई और पुलिस को खबर नहीं की किसने किया है ,यह तो शुद्ध बेईमानी हुई जो अरी पुलिस अपने विभाग और आम जनता के साथ कर रही है ,ऐसी बाते जनचर्चा का विषय बनी हुई है, इतनी घोर लापरवाही होने के बावजूद पुलिस कप्तान अभी तक अरी थानेदार को लाइन भेजकर एक मजबूत, ईमानदार थाना प्रभारी अरी में पदस्थ क्यों नहीं किए है सोचनीय बात है, जबकि सिवनी न्यूज़ समाचार पत्र ने 9 महीने पहले ही गोकशी को लेकर अरी थानेदार ,और पुलिस को आगाह किया था ,उन्हें मय सबूत यह बात अखबार के माध्यम से बताई थी कि अगर इसे अभी नहीं रोका गया तो आने वाले समय में बड़ी मुसीबत खड़ी हो सकती है परंतु लापरवाह थानेदार और वसूली बाज खाकीधारियों के कारण मामला सांठगांठ से चलता रहा और आज इन ख़ाकीधारियों की लापरवाही के कारण जिले में बवाल होने के आसार नजर आ रहे हैं, हिंदू संगठन ने बरघाट और अरी को पूर्णता बंद किया, यह कोई पुलिस की उपलब्धि नहीं बल्कि पुलिस के लिए शर्मनाक स्थिति है, कानून व्यवस्था पर सवालिया निशान है ,दो कौड़ी के गौ हत्यारे पुलिस की नाक पर नींबू फेरते हुए मुंह पर थूक रहे हैं,और अरी के खाकीधारी इनको बर्दाश्त कर रही है, चंद खाकी धारियों के कारण कप्तान की बनी बनाई शाख और पुलिस का नाम मिट्टी में मिल रहा है उसके बावजूद कप्तान इन पुलिसकर्मियों के ऊपर मेहरबान नजर आ रहे हैं, जो समझ से परे है ,आज चोरी, डकैती ,लूट ,मर्डर ,चाकूबाजी यह सब तो सिवनी में आम बात हो गई है, परंतु सिवनी के इतिहास में 10 गायों को एक साथ काट कर फेंकना पहली बार हुआ है जो हिंदू धर्म, हिंदू आस्था के ऊपर कठोर प्रहार है और अरी पुलिस अभी भी सही कार्यवाही नहीं कर रही है, जबकि इस मामले में जिम्मेदार खाकीधारी भी उतने ही गुनहगार हैं जितने गौ हत्यारे, ऐसे में जिम्मेदार खाकीधारी पर कार्यवाही ना होना विभाग पर प्रश्नचिन्ह लगाता है, हिंदू समाज में ज्यादा वेदना इस बात से हो रही है कि ऐसे लोगों को विभाग बचा रहा है।
क्या है मामला
विगत दिवस अरी थाना क्षेत्र में 10 गौ माताओं के सर और पैर काटकर अलग-अलग स्थानों में फेंका गया था जिसे जिससे संपूर्ण हिंदू समाज में रोष व्याप्त हुआ और विश्व हिंदू परिषद बजरंग दल एवं संपूर्ण हिंदू समाज ने 6 जुलाई 2023 को बरघाट बंद करते हुए प्रशासन को 11 सूत्री मांगे का ज्ञापन सौंपा , जिसमें 11 ऐसी अलग-अलग संवेदनशील बातें को लेकर प्रशासन को आगाह किया जिससे हिंदू समाज की भावनाएं आहत हो रही हैं साथ ही 7 दिन का समय प्रशासन को देते हुए अगर कार्यवाही नहीं होती है तो उग्र आंदोलन की भी चेतावनी प्रशासन को दी गई है अतः विश्व हिन्दू परिषद, बजरंगदल एवं सम्पूर्ण हिन्दू समाज पुलिस प्रशासन से 07 दिवस के भीतर इन सभी मामलों को संज्ञान लेकर आरोपियों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत कार्यवाही कर तत्काल प्रभाव से गिरफ्तारी की जाने की मांग की है। यदि 07 दिवस के भीतर पुलिस प्रशासन कार्यवही नहीं करता है तो विश्व हिन्दू परिषद, बजरंगदल एवं सम्पूर्ण हिन्दू समाज क्षेत्र में उग्र आंदोलन कर विरोध प्रदर्शन करने की चेतावनी दी है जिसकी सम्पूर्ण जवाबदारी पुलिस प्रशासन की होगी ऐसा संगठन ने कहा।