गोपालगंज शराब ठेकेदार के ऊपर नहीं है कोई लगाम
धड़ल्ले से चल रहा है अहाता
मध्यप्रदेश में नई शराब नीति आने के बाद ऐसा लग रहा था की अहाता बंद हो जाएगा राजपत्र में भी यह बात उल्लेखित है कि कोई भी शराब दुकान अहाता नहीं चला सकती केवल शराब बिक्री की जा सकती है और इस नियम को सुचारू रूप से पालन कराने के लिए आबकारी और पुलिस विभाग जिम्मेदार होते हैं परंतु सिवनी जिले में नियम कानून को ताक पर रखकर काम किया जाता है नाही राजपत्र की बात मानी जाती है और ना ही सरकार की बात मानी जाती है और जिम्मेदार अधिकारी कि मौन स्वीकृति कहा जा सकता है की एक अदना सा शराब ठेकेदार धड़ल्ले से खुलेआम शराब ठेके के बाजू में अहाता चला रहा है और संबंधित विभाग के साथ ही पुलिस धृतराष्ट्र बनी बैठी है ऐसा नजारा देख आम जनता भी यह कहने लगी है कि लखनवाडा थानेदार और आबकारी अधिकारी इस ठेकेदार के सामने बौने साबित हो रहे हैं।
गोपालगंज की शराब दुकान के बाजू में चल रहा अहाता
पिछले दिनों सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी हुआ इस वीडियो की पुष्टि सिवनी न्यूज़ नहीं करता है परंतु वीडियो में गोपालगंज की शराब दुकान दिखाई दे रही है ठीक उसी कांप्लेक्स के बाजू में एक शटर खुली है जहां लोग शराब लेकर अंदर जा रहे हैं और अंदर बैठकर शराब पी रहे हैं ,जबकि मध्यप्रदेश शासन ने 1 अप्रैल से नई शराब नीति के अंतर्गत अहाता बंद कर दिया है अब ऐसे में गोपालगंज शराब ठेके के बाजू में अगर लोग काम्प्लेक्स के अंदर शराब पी रहे हैं तो इसे क्या समझा जाए या तो शराब ठेकेदार कानून व्यवस्था को नहीं मानता है या फिर कानून को संचालित करने वाले लखनवाडा थाने के थानेदार और आबकारी के अधिकारी ने खुली छूट दे रखी है परंतु यह देख ऐसा लगता है कि नियम कानून तो केवल तोड़ने के लिए बनाए जाते हैं जिसकी जेब में पैसा होता है उसके आगे संबंधित अधिकारी मुजरा करते हुए नजर आते हैं।